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परंपरागत फसलों के उत्पादन में वृद्धि करने वाले ईस्टेट /बागानों की खरीद

  • लाभ
  • पात्रता मानदंड
  • विशेषताएं
  • आवश्यक दस्तावेज़
  • शुल्क और प्रभार
  • अति महत्वपूर्ण नियम और शर्तें (एमआईटीसी)

परंपरागत फसलों के उत्पादन में वृद्धि करने वाले ईस्टेट /बागानों की खरीद : लाभ

  • रु 3.00 लाख तक के कुल ऋण के लिए कोई प्रोसेसिंग शुल्क नहीं
  • रु 3.00 लाख तक के कुल ऋण के लिए कोई निरीक्षण शुल्क नहीं
  • रु 25000/- तक के ऋण के लिए कोई दंडात्मक ब्याज नहीं लिया जाएगा.
  • 7 वर्ष की लंबी चुकौती अवधि

परंपरागत फसलों के उत्पादन में वृद्धि करने वाले ईस्टेट /बागानों की खरीद : पात्रता मानदंड

  • उधारकर्ता को कृषि भूमि के मालिक, काश्तकार किसान, मौखिक पट्टेधारक आदि के रूप में कृषि गतिविधि में संलग्न होना चाहिए
  • उधारकर्ता के पास अधिमानत उपज वाली संपत्ति होनी चाहिए
  • इच्छुक उधारकर्ता को संबंधित राज्य सरकार के कृषक होने संबंधी मानदंडों /राज्य सरकार द्वारा निर्धारित आय मानदंडों को पूरा करना चाहिए.

परंपरागत फसलों के उत्पादन में वृद्धि करने वाले ईस्टेट /बागानों की खरीद : विशेषताएं

  • पारंपरिक वृक्षारोपण फसलों जैसे कॉफी, चाय, रबर, इलायची, काजू, काली मिर्च, नारियल और अन्य बारहमासी बाग की फसलें को उगाने वाले एस्टेट की खरीद के लिए.

परंपरागत फसलों के उत्पादन में वृद्धि करने वाले ईस्टेट /बागानों की खरीद : आवश्यक दस्तावेज़

  • केवाईसी दस्तावेज़ (आधार, मतदाता पहचान पत्र, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस आदि)
  • पासपोर्ट आकार का फोटो
  • कोटेशन/चालान (यदि उपलब्ध हो)
  • भूमि अभिलेख
  • परियोजना रिपोर्ट (यदि उपलब्ध हो)
  • आईटी रिटर्न जहां भी लागू हो

परंपरागत फसलों के उत्पादन में वृद्धि करने वाले ईस्टेट /बागानों की खरीद : शुल्क और प्रभार

  • रु 25000 रुपये तक के ऋण के लिए कोई दंडात्मक ब्याज नहीं लिया जाएगा

प्रोसेसिंग शुल्क:

 रु. 3.00 लाख तक कुल कृषि ऋण - शून्य

 

मीयादी ऋण

रु.3 लाख से अधिक - स्वीकृत सीमा का 1% (अधिकतम रु.100 लाख)

निरीक्षण शुल्क:

  • रु. 3.00 लाख तक कुल कृषि ऋण - शून्य
  • रु.3 लाख से अधिक और रु. 10 लाख तक - रु 250
  • रु.10 लाख से अधिक और रु.1 करोड़ तक - रु 1000
  • रु. 1 करोड़ से अधिक - रु 5000

परंपरागत फसलों के उत्पादन में वृद्धि करने वाले ईस्टेट /बागानों की खरीद : अति महत्वपूर्ण नियम और शर्तें (एमआईटीसी)

इस्टेट का मूल्यांकन

एस्टेट का मूल्य (i) बाजार मूल्य (II) राज्य द्वारा निर्धारित मार्गदर्शन मूल्य / सर्कल दर (iii) एस्टेट की खरीद प्रतिफल या (iv) क्षेत्र में पिछले 5 वर्षों के दौरान पंजीकृत बिक्री लेनदेन की औसत कीमत के निम्नतम पर आधारित होगा

प्रतिभूति

खरीदी जाने वाली संपत्ति पर मोर्गेज तथा भूमि/एस्टेट पर उगाई गई बागान फसलों का दृष्टिबंधक. संपार्श्विक अधिमानतः आवासीय संपत्ति का लिया जाना चाहिए.

चुकौती अवधि

ऋण अधिस्थगन अवधि को छोड़कर 7 वर्षों के भीतर चुकौती करना आवश्यक होगा

अधिस्थगन अवधि

परियोजना से भावी नकदी आय के आधार पर अधिकतम 5 वर्ष तक

ब्याज दर

3 वर्ष से कम की ऋण अवधि के सीसी/ओडी और डीएल के लिए

सीआर 1

एक वर्ष एमसीएलआर+ एसपी +1.50%

सीआर 2

एक वर्ष एमसीएलआर+ एसपी +1.75%

सीआर3

एक वर्ष एमसीएलआर+ एसपी +2.00%

सीआर 4

एक वर्ष एमसीएलआर+ एसपी +2.50%

सीआर 5

एक वर्ष एमसीएलआर+ एसपी +2.75%

सीआर 6,7,8,9 और 10

एक वर्ष एमसीएलआर+ एसपी +3.25%

-3- वर्ष और उससे अधिक ऋण अवधि के लिए मीयादी ऋण

सीआर1 से सीआर10

ब्याज दर एक वर्ष की एमसीएलआर +एसपी+1.60% से लेकर एक वर्ष की एमसीएलआर+एसपी+3.35%

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